कोरोना का कहर

  • झारखंड में कोरोना महामारी से एक ही परिवार के 6 सदस्यों की मौत
  • पहले मां की मौत, फिर एक के बाद एक 5 बेटों को  बनाया शिकार
  • छठे बेटे के साथ-साथ परिवार के अन्य सदस्य भी हैं गंभीर रूप से बीमार
  • बुजुर्ग महिला दिल्ली से शादी समारोह में हिस्सा लेने के लिए आई थी मायके

रांची। कोरोना महामारी के कहर से झारखंड का एक हंसता-खेलता परिवार तबाह हो गया। कोरोना संक्रमण की वजह से परिवार में एक के बाद एक 6 सदस्यों की मौत हो चुकी है। पहले मां और फिर उनकी अर्थी को कंधा देने वाले पांच बेटों की एक के बाद एक मौत हो गई। 15 दिनों में ही इस परिवार के छठे सदस्य ने भी दम तोड़ दिया। मृतक महिला के एक और बेटे के अलावा परिवार के कई अन्य सदस्यों की भी तबीयत खराब बताई जा रही है। देश में अपनी तरह का संभवतः यह अकेली मनहूस घटना है, जिसमें कोरोना ने एक ही परिवार के छह लोगों को निगल लिया।
मामला धनबाद के कतरास इलाके का है। रानी बाजार में रहने वाले एक परिवार के छठे सदस्य की सोमवार को कोरोना संक्रमण के कारण मौत हो गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, चार जुलाई को सबसे पहले 88 वर्षीया मां का निधन बोकारो के एक नर्सिंग होम में हुआ। उसके शव की जांच से पता चला कि वह कोरोना पॉजिटिव थी। उसके बाद उनके पांच बेटों ने बारी बारी से अपनी मां की अर्थी को कंधा दिया और उनका अंतिम संस्कार कर दिया। इसके बाद उनके एक बेटे की मौत रांची के रिम्स कोविड अस्पताल में हो गई। कुछ दिन बाद दूसरे बेटे का केंद्रीय अस्पताल में इलाज के दौरान निधन हो गया।

मौत का तांडव यहीं नहीं रुका, तीसरा बेटा धनबाद के एक निजी क्वारंटीन सेंटर में भर्ती था। वहीं एकाएक तबीयत बिगड़ने पर उनके संबंधी उन्हें पीएमसीएच ले गए, लेकिन डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। 16 जुलाई को चौथे बेटे का भी टीमएच जमशेदपुर में कैंसर बीमारी के इलाज के दौरान निधन हो गया। पांचवां बेटा भी धनबाद के कोविड अस्पताल में रेफर करने के बाद रिम्स रांची में भर्ती था, जहां सोमवार को उसने अंतिम सांस ली।
इसी के साथ कोरोना वायरस के संक्रमण से एक बुजुर्ग महिला और उसके पांच बेटों की मौत हो गई है। वहीं, परिवार के कई और सदस्यों का भी इलाज चल रहा है। इस परिवार के दुःखों के बारे में जो भी सुन रहा है, उसका कलेजा फटा जा रहा है।

बताया गया कि जून महीने में महिला दिल्ली से शादी समारोह में हिस्सा लेने के लिए कतरास स्थित अपने घर आई थी। तभी अचानक तबीयत बिगड़ने के बाद उसे बोकारो के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी मौत हो गई। उसकी मौत के बाद जांच रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव आई। स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले महीने शादी की शहनाई की गूंज से घर में खुशनुमा माहौल था। हंसता-खिलखिलाता परिवार धूम-धड़ाके मस्ती की खुशियों में मग्न था, लेकिन एक पखवाड़े के अंदर ही इस परिवार में मौत ने ऐसा कोहराम मचाया कि देखते ही देखते सब-कुछ उजड़ गया।